मांतगी देवी मंत्र साधना

तिथि :                   वैशाख शुक्ल तृतीया।
कुल :                    श्रीकुल।
दिशा :                   पूर्व ।
स्वभाव :                सौम्य स्वभाव।
शारीरिक वर्ण :       काला या गहरा नीला।
कार्य :                   सम्मोहन एवं वशीकरण, तंत्र विद्या        पारंगत, संगीत तथा ललित कला निपुण |


साधना:- मंत्र सिद्ध    यंत्र लेकर साधना करनी चाहिए|


1-यह देवी घर ग्रहस्थी मे आने वाले सभी विघ्नो को हरने वाली है, जिसकी शादी ना हो रही, संतान प्राप्ति, पुत्र प्राप्ति के लिए या किसी भी प्रकार का ग्रहस्थ जीवन की समस्या के दुख हरने के लिए देवी मातंगी की साधना उत्तम है। इनकी कृपा से स्त्रियों  का सहयोग सहज ही मिलने लगता है। चाहे वो स्त्री किसी भी वर्ग की स्त्री क्यो ना हो। इसके लिए आप स्फटिक की माला से मंत्र जप करें और और कम से कम बारह माला का जाप करना चाहिए.

2-माँ मातंगी मंत्र;-

”ऊं ह्लीं एं श्रीं नमो भगवति उच्छिष्ट चांडालि श्रीमातंगेश्वरि सर्वजन वंशकरि स्वाहा”

इस मंत्र का पुरश्चरण दस हजार जप है। जप का दशांश शहद व महुआ के पुष्पों से होम करना चाहिए। 

2– “ॐ ह्रीं ऐं भगवती मतंगेश्वरी श्रीं स्वाहा:”

3-   ॐ कामिनी रञ्जिनी स्वाहा॥
4-   ॐ ह्रीं क्लीं हुं मातंग्यै फट् स्वाहा॥

5- ॐ शुक्रप्रियायै विद्महे श्रीकामेश्वर्यै धीमहि तन्नः श्यामा प्रचोदयात्॥

Matangi Sadhana Smagri

  • मातंगी सम्मोहन मंत्र साधना
    मातंगी मंत्र साधना :- 1-महाविद्या मातंगी, महाविद्याओं में नवें स्थान पर अवस्थित हैं। देवी निम्न वर्ग एवं जनजातिओ से सम्बंधित हैं। देवी का एक अन्य नाम उच्छिष्ट चांडालिनी भी हैं। देवी तंत्र क्रियाओं की अधिष्ठात्री हैं। इंद्रजाल या जादुई … Continue reading मातंगी सम्मोहन मंत्र साधना
  • मातंगी देवी यन्त्र -ताबीज -कवच
    महावशीकरण श्यामा मातंगी यन्त्र /कवच सभी के लिए उपयोगी होता है। मातंगी महाविद्या ,दस महाविद्या में से एक प्रमुख महाविद्या। वैदिक सरस्वती का तांत्रिक रूप हैं और श्री कुल के अंतर्गत पूजित हैं। यह सरस्वती का ही प्रखर रूप … Continue reading मातंगी देवी यन्त्र -ताबीज -कवच
  • मातंगी तंत्र मंत्र यंत्र साधना
    मातंगी Matangi Devi Mantra Sadhana साधना विधि यह साधना मातंगी जयन्ती, मातंगी सिद्धि दिवस अथवा किसी भी सोमवार के दिन से शुरू की जा सकती है। यह साधना रात्रिकालीन है और इसे रात्रि में ९ बजे के बाद शुरु … Continue reading मातंगी तंत्र मंत्र यंत्र साधना
  • मातंगी साधना Matangi Mantra
    मातंगी मंत्र साधना वर्तमान युग में, मानव जीवन के प्रारंभिक पड़ाव से अंतिम पड़ाव तक भौतिक आवश्यकताओ की पूर्ति के लिए प्रयत्नशील रहता है । व्यक्ति जब तक भौतिक जीवन का पूर्णता से निर्वाह नहीं कर लेता है, तब … Continue reading मातंगी साधना Matangi Mantra
  • तेल मांतगी भूत भविष्य दर्शन मंत्र
    तेल मातंगी प्रयोग (भूत-भविष्य दर्शन साधना) मातंगी नौंवी महाविद्या है। ‘मतंग’ शिव का नाम है और मातंगी उनकी शक्ति है। मातंगी देवी श्याम वर्णा है। इनके मस्तक पर चंद्र इनके तीन नेत्र हैं और यह रत्नजटित सिंहासन पर विराजमान … Continue reading तेल मांतगी भूत भविष्य दर्शन मंत्र
  • मातंगी हवन 🔥 yagha
    Matangi Devi Haven yagha 🔥 विधि- विधिपूर्वक दैनिक पूजन के बाद निश्चित (जो साधक जप से पूर्व तय करे) समयावधि (घंटे या दिन) में दस हजार जप कर पुरश्चरण करे। उसके बाद दशांस हवन करे। फल- मधुयुक्त महुए के … Continue reading मातंगी हवन 🔥 yagha
  • मातंगी तर्पण मार्जन
    मातंगी तर्पण मार्जन साधक गुरुआज्ञानुसार जप करें। जप पू्र्ण होने के बाद महुए के फूल व लकड़ी के दशांस होम कर तर्पन व मार्जन करें।
  • मातंगी कवच
    मातंगी कवच श्री देव्युवाच साधु-साधु महादेव। कथयस्व सुरेश्वर।मातंगी-कवचं दिव्यं, सर्व-सिद्धि-करं नृणाम् ॥ श्री-देवी ने कहा – हे महादेव। हे सुरेश्वर। मनुष्यों को सर्व-सिद्धि-प्रददिव्य मातंगी-कवच अति उत्तम है, उस कवच को मुझसे कहिए। श्री ईश्वर उवाच श्रृणु देवि। प्रवक्ष्यामि, मातंगी-कवचं … Continue reading मातंगी कवच
  • मातंगी आरती /गायत्री मंत्र
    मातंगी आरती /गायत्री आरती माँ मातंगी देवी जी की🌞ओम जय मातंगी मा (2)द्विजवर सुखकर सगी, धमांधुरा नदीओम जयो जयो मा मातंगी माविप्रमात तुं विष्णुशक्ति तुं द्विज्ज्न उध्धरती मा…(2)दया द्रष्टि करी प्रीते (2) द्विकुल भय हरती… ओमपंचावन पर स्वार, अष्टदश … Continue reading मातंगी आरती /गायत्री मंत्र
  • मातंगी Matangi Devi
    मातंगी देवी तंत्र मंत्र साधना हवन Das Maha Vidhaya 10 Great goddess of universe. महाकाली तंत्र मंत्र साधना तारा देवी मंत्र तंत्र साधना त्रिपुरा सुंदरी तंत्र मंत्र साधना भुव्ने्श्वरी देवी तंत्र मंत्र साधना भैरवी देवी/लिंग भैरवी मंत्र साधना छिन्नमस्ता … Continue reading मातंगी Matangi Devi